• Vishwajeet Maurya

लॉकडाउन 2.0 : देशभर में कल से शुरू हो सकेंगी ये सेवाएँ -

कोरोना वायरस को देखते हुए केन्द्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने ट्वीट करके कुछ गतिविधियों को शुरू करने की सरकार ने छूट दी है, जिसकी सूची जारी कर दी गयी है लेकिन कन्टेनमेंट जोन में इन सारी गतिविधियों की इजाजत नहीं रहेगी.

-Govind Pratap Singh


कोरोना वायरस के चलते देशव्यापी लॉकडाउन में पूरे देश की रफ़्तार थमी हुई है. इस महामारी ने देश की अर्थव्यवस्था पर तगड़ा हथौड़ा मारा है. इसी बीच में केंद्र सरकार ने कुछ छूटों का ऐलान किया है, जो कल यानी 20 अप्रैल से देश के सबसे कम कोरोनावायरस से प्रभावित इलाकों में शुरू की जाएंगी. इस सूची में एक आम आदमी से जुडी हुई जितनी भी आवश्यक सेवायें है, उन सभी की ओर ध्यान देते हुए सरकार ने लॉकडाउन के बीच कुछ सेवाओं को छूट दी है जिनमें स्वास्थ्य सेवा, कृषि, बागवानी, मत्स्यपालन और पशुपालन सहित कई अन्य क्षेत्र शामिल है. लेकिन कन्टेनमेंट जोन में इन सारी गतिविधियों की इजाजत नहीं रहेगी.

राजधानी में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई मंत्रियों के एक समूह की बैठक के बाद यह निर्णय लिया गया है कि लॉकडाउन के दौरान किसी भी तरह की छूट गृह मंत्रालय द्वारा जारी गाइडलाइन के मुताबिक ही होगी. हालांकि राज्य सरकारें अपने तरीके से नियमों को सख्ती से भी लागू कर सकती हैं.

ये सेवाएं भी 20 अप्रैल से शुरू हो सकेंगी

· केवल सरकारी गतिविधियों के लिए काम करने वाले डेटा और कॉल सेंटर.

· आईटी और इससे जुड़ी सेवाओं वाले दफ्तर. इनमें 50% से ज्यादा स्टाफ नहीं होगा.

· ऑफिस और आवासीय परिसरों की प्राइवेट सिक्योरिटी और मैंटेनेंस सर्विसेस.

· ट्रक रिपेयर के लिए हाईवे पर दुकानें और ढाबे खुलेंगे.

· राज्य सरकारें की जिम्मेदारी होगी कि यहां सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो.


Here is a list of what will remain open all over India with effect from 20th April 2020. This will NOT be applicable in the containment zones. Let us all fight together against #Covid19#IndiaFightsCorona — Ravi Shankar Prasad (@rsprasad) April 18, 2020

गांवों और खेती-किसानी से जुड़ी ये सेवाएं और उद्योग होंगे शुरू

· गांवों में ईंट भट्टों और फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री में काम शुरू किया जाएगा.

· ग्राम पंचायत स्तर पर सरकार की मंजूरी वाले कॉमन सर्विस सेंटर खुल सकेंगे.

· कोल्ड स्टोरेज और वेयरहाउस सर्विस शुरू होगी.

· फिशिंग ऑपरेशन (समुद्र और देश के अंदर) जारी रहेंगे. इसमें- मछलियों का भोजन, मेंटेनेंस, प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, मार्केटिंग और बिक्री हो सकेगी.

· हैचरी और कमर्शियल एक्वेरियम भी खुल सकेंगे. मछली और मत्स्य उत्पाद, फिश सीड, मछलियों का खाना और इस काम में लगे लोग आवाजाही कर सकेंगे.

· सरकार ने बांस, नारियल, सुपारी, कोको और मसालों की खेती, कटाई, प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, बिक्री के साथ-साथ लेन-देन को भी लॉकडाउन से छूट दी है.

· चाय, कॉफी, रबर और काजू की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, मार्केटिंग और बिक्री के लिए फिलहाल 50% मजदूर ही रहेंगे.

· दूध का कलेक्शन, प्रोसेसिंग, डिस्ट्रिब्यूशन और ट्रांसपोर्टेशन हो सकेगा.

· पोल्ट्री फॉर्म समेत अन्य पशुपालन गतिविधियां चालू रहेंगी.

· पशुओं का खाना मसलन मक्का और सोया की मैन्युफेक्चरिंग और डिस्ट्रिब्यूशन हो सकेगा. पशु शेल्टर और गौशालाएं खुलेंगी.

ये उद्योग भी होंगे शुरू

· ड्रग, फार्मा और मेडिकल डिवाइस बनाने वाली कंपनियों खुलेंगी.

· मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर और स्पेशल इकोनॉमिक जोन, इंडस्ट्रियल टाउनशिप में स्थित कंपनियों को अपने यहां काम करने वाले स्टाफ के रुकने की व्यवस्था कंपनी परिसर में करनी होगी. अगर स्टाफ बाहर से आ रहा है तो सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखते हुए उनके आने-जाने के इंतजाम करने होंगे.

· आईटी हार्डवेयर बनाने वाली कंपनियों में कामकाज होगा. कोल, माइन और मिनरल प्रोडक्शन, उनके ट्रांसपोर्ट और माइनिंग के लिए जरूरी विस्फोटक की आपूर्ति जारी रहेगी.

· ऑयल और जूट इंडस्ट्री, पैकेजिंग मटेरियल की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट को भी छूट मिलेगी.

· शहरी क्षेत्र के बाहर सड़क, सिंचाई, बिल्डिंग, अक्षय ऊर्जा और सभी तरह के इंडस्ट्रियल प्रोजेक्ट में कंस्ट्रक्शन शुरू हो सकेगा. अगर शहरी क्षेत्र में कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट शुरू करना है तो इसके लिए मजदूर साइट पर ही उपलब्ध होने चाहिए. कोई मजदूर बाहर से नहीं लाया जाएगा.

कल से ये सेवाएं और दुकानें शुरू होंगी

· फल-सब्जी के ठेले, साफ-सफाई का सामान बेचने वाली दुकानें.

· किराना और राशन की दुकानें.

· ई-कॉमर्स कंपनियां काम शुरू कर सकेंगी.

· डिलीवरी के लिए इस्तेमाल होने वाले वाहनों के लिए जरूरी मंजूरी लेनी होगी.

· डेयरी और मिल्क बूथ, पोल्ट्री, मीट, मछली और चारा बेचने वाली दुकानें.

· इलेक्ट्रीशियन, आईटी रिपेयर्स, प्लंबर, मोटर मैकेनिक, कारपेंटर, कुरियर, डीटीएच और केबल सर्विसेस.

को-ऑपरेटिव क्रेडिट सोसायटी समेत इन कामों को मिली छूट

ग्रामीण इलाकों में आने वाली को-ऑपरेटिव क्रेडिट सोसायटी और ग़ैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों को भी न्यूनतम स्टाफ़ के साथ ऑपरेट करने की अनुमति दी गई है. इसके अलावा सरकार ने यह भी स्पष्ट किया गया है कि ग्रामीण इलाकों में निर्माण कार्यों को 20 अप्रैल से छूट मिलेगी. वहीं, ग्रामीण में पानी की सप्लाई, बिजली और कॉम्युनिकेशंस से जुड़ी परियोजनाओं और गतिविधियों को भी लॉकडाउन से छूट दी गई है.

बैंक, ATM के साथ-साथ डाक-घर और पेट्रोलियम से जुड़े सभी क्षेत्र रहेंगे खुले

बैंक, एटीएम खुले रहेंगे. पेट्रोल, डीजल, केरोसीन, सीएनजी, एलपीजी और पीएनजी की सप्लाई जारी रहेगी. डाक घर खुले रहेंगे, डाक सेवाएं जारी रहेंगी. कैपिटल और डेट मार्केट सेबी के निर्देशों के अनुसार काम करेगा.

मनरेगा के कामों को भी मिलेगी इजाजत

मनरेगा के कामों को सोशल डिस्टेंसिंग का सख्ती से पालन करते हुए किया जाएगा. मनरेगा के काम की इजाजत रहेगी और सोशल डिस्टेंसिंग का सख्ती से पालन करना होगा. मनरेगा में सिंचाई और वॉटर कंजर्वेशन से जुड़े कामों को प्राथमिकता दी जाएगी.



40 views

©Newziya 2019, New Delhi.